सुमेरपुर – बरसात की बूंदें जब अरावली की पर्वतमाला पर
गिरती हैं तो यहां की पथरीली धरती से जैसे जीवन का संगीत फूट
पड़ता है। रणकपुर-उदयपुर रोड़ पर रणकपुर से करीब 12 किलोमीटर
आगे बसा यह हाथी पोल झरना इसी संगीत का अनमोल मोती बनकर
बह रहा है। बारिश में हरे-भरे जंगलों से घिरा, चट्टानों से टकराकर
गिरता निर्मल जल, पक्षियों की चहचहाहट और झरने की कलकल
आवाज सब मिलकर मन को ऐसी ठंडक देते हैं मानो गर्मी,
थकान और भागदौड़ कहीं खो गई हो। झरने के आसपास धनी
हरियाली, जंगली फूलों की महक और पहाड़ियों से टकराकर बहती
हवा, यह सब मिलकर यहां आने वाले हर व्यक्ति के मन को नई ऊर्जा
देते हैं। लोग यहां झरने के ऊपर नहाते हैं, ठंडी धाराओं को छूकर
तरोताजा होते हैं और प्राकृतिक सुंदरता के बीच सेल्फी लेकर इन पलों
को हमेशा के लिए सहेज लेते हैं। दूर-दूर से आने वाले राहगीर सड़क के
किनारे रुककर कुछ देर के लिए इस सुंदर नजारे को देखकर आनंदित
होते हैं।
अरावली की गोद में हाथी पोल झरनाकलकल बहती धारा ने जीता सैलानियों का मन

Leave a comment
Leave a comment